breaking news in hindi डॉक्टर आदिल अहमद की गिरफ्तारी से जम्मू-कश्मीर और यूपी पुलिस ने बड़ा आतंकी नेटवर्क उजागर किया है। सहारनपुर से अनंतनाग तक फैले
कहानी सुनने में फिल्म जैसी लगती है, लेकिन यह हकीकत है। जम्मू-कश्मीर और उत्तर प्रदेश पुलिस के संयुक्त अभियान में एक ऐसा खुलासा हुआ है जिसने सुरक्षा एजेंसियों तक को हिला दिया। और अनंतनाग के सरकारी मेडिकल कॉलेज में कार्यरत डॉक्टर आदिल अहमद, जो पेशे से एक डॉक्टर था, पर आतंकवादी संगठन जैश-ए-मोहम्मद से जुड़ने और उसके नेटवर्क को दोबारा जिंदा करने के आरोप लगे हैं।
breaking news in hindiमें पुलिस ने जब डॉक्टर आदिल को यूपी के सहारनपुर से पकड़ा, तो किसी को यकीन ही नहीं हुआ कि सफेद कोट पहनने वाला एक डॉक्टर हथियारबंद संगठन के लिए काम कर सकता है। और जांच में जो खुलासा हुआ, उसने सबको चौंका दिया। डॉक्टर के पास से एके-47 राइफल और कई गोला-बारूद बरामद किए गए। यही नहीं, यह सब उसने अनंतनाग के सरकारी मेडिकल कॉलेज के लॉकर में छिपा रखा था।
Today News Paper in Hindi ऐसे खुला पर्दाफाश
breaking news in hindi में दरअसल, श्रीनगर के बाहरी इलाकों में कुछ समय पहले जैश-ए-मोहम्मद के पोस्टर लगाए गए थे। पुलिस को शक हुआ कि कोई अंदरूनी नेटवर्क फिर से सक्रिय हो रहा है। और सीसीटीवी फुटेज और स्थानीय मुखबिरों की मदद से जांच आगे बढ़ी और कुछ दिनों में पुलिस के पास एक नाम बार-बार सामने आने लगा – डॉक्टर आदिल अहमद।
breaking news in hindi में आदिल न सिर्फ पोस्टर लगाने की साजिश में शामिल था बल्कि वह कोड वर्ड्स के जरिए अपने बाकी साथियों से संपर्क में रहता था। जब पुलिस ने उसके डिजिटल ट्रेल की जांच की, तो कई ऐसे चैट और ट्रांजेक्शन सामने आए जिनका लिंक सीधे जैश से जुड़ता था।
मेडिकल कॉलेज बना हथियार छिपाने की जगह
breaking news in hindi – सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि डॉक्टर आदिल ने अनंतनाग के उसी अस्पताल में, जहां वह बतौर सीनियर रेजिडेंट काम करता था, हथियार छिपाए हुए थे। और पुलिस ने जब वहां छापा मारा तो एके-47 राइफल, कारतूस और कुछ गुप्त दस्तावेज बरामद हुए। इस बात ने सुरक्षा एजेंसियों को गंभीर सवालों में डाल दिया कि आखिर एक सरकारी डॉक्टर आतंकी संगठन के लिए इतनी गहराई से कैसे काम कर सकता है।
सहारनपुर से मिला बड़ा कनेक्शन
breaking news in hindi – डॉक्टर आदिल की गिरफ्तारी सहारनपुर से हुई, जहां वह पिछले कुछ महीनों से छिपा हुआ था। पुलिस ने बताया कि उसने अपना ठिकाना बार-बार बदला ताकि ट्रैक न किया जा सके। और जांच में सामने आया कि उसका एक और साथी डॉक्टर जम्मू-कश्मीर के बाहर से पकड़ा गया है। दोनों को ट्रांजिट रिमांड पर श्रीनगर लाया गया है।
इस पूरे नेटवर्क को समझने के लिए पुलिस ने श्रीनगर और सहारनपुर में 114 घरों की तलाशी ली और अब तक 6 लोगों को गिरफ्तार किया है। बाकी की तलाश अभी भी जारी है।
पूछताछ में क्या बोला डॉक्टर आदिल
breaking news in hindi – पुलिस की शुरुआती पूछताछ में आदिल ने कबूल किया कि वह तो जैश के विचारों से प्रभावित था और संगठन में नई भर्ती और प्रचार गतिविधियों में जुटा था। उसने बताया कि उसे संगठन की तरफ से हथियार दिए गए थे, जिन्हें उसने मेडिकल कॉलेज में छिपा रखा था ताकि जरूरत पड़ने पर इस्तेमाल किए जा सकें।
उसने यह भी माना कि कश्मीर में जैश-ए-मोहम्मद का पुराना नेटवर्क कमजोर पड़ने के बाद उसे फिर से सक्रिय करने की जिम्मेदारी कुछ युवाओं को दी गई थी, जिसमें वह भी शामिल था।
एजेंसियों की बढ़ी चिंता
breaking news in hindi – इस पूरे मामले ने सुरक्षा एजेंसियों को गहरी चिंता में डाल दिया है। पर डॉक्टर जैसे पेशे से जुड़े व्यक्ति का आतंकवाद में शामिल होना यह दिखाता है कि आतंकी संगठन अब शिक्षित वर्ग में भी अपनी पकड़ बनाने की कोशिश कर रहे हैं।
पुलिस का कहना है कि फिलहाल जांच का दायरा बढ़ा दिया गया है। यह देखा जा रहा है कि कहीं इस नेटवर्क का कोई सिरा पश्चिमी यूपी, दिल्ली एनसीआर या अन्य मेडिकल संस्थानों तक तो नहीं फैला हुआ और एजेंसियां यह भी जांच कर रही हैं कि क्या अस्पताल में और भी हथियार या संदिग्ध चीजें छिपाई गई थीं।
जांच जारी, कई पर निगरानी
फिलहाल पुलिस ने 6 लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है और बाकी फरार लोगों की तलाश में श्रीनगर से लेकर सहारनपुर तक छापेमारी चल रही है। और आदिल अहमद का फोन, लैपटॉप और अन्य डिजिटल डिवाइस फॉरेंसिक जांच के लिए भेज दिए गए हैं ताकि और साक्ष्य जुटाए जा सकें।
आतंकवाद
breaking news in hindi – डॉक्टर आदिल का मामला यह साबित करता है कि आतंकवाद अब केवल बंदूक या सीमा पार से आने वाले लोगों का खेल नहीं रहा, बल्कि यह धीरे-धीरे समाज के भीतर घुसने की साजिश बनता जा रहा है। और डॉक्टर जैसे शिक्षित व्यक्ति का इस रास्ते पर जाना न सिर्फ कश्मीर के लिए, बल्कि पूरे देश की सुरक्षा व्यवस्था के लिए खतरे की घंटी है।







